14–22 नवंबर 2025 , ब्राज़ील
ब्राज़ील के बेलम शहर से संयुक्त राष्ट्र जलवायु परिवर्तन सम्मेलन COP30 के दौरान ब्रह्माकुमारीज़ द्वारा की गई प्रमुख सेवाओं के दौरान वैश्विक स्तर पर यह स्पष्ट हुआ कि जलवायु संकट केवल वैज्ञानिक या नीतिगत विषय नहीं, बल्कि एक नैतिक और आध्यात्मिक चुनौती भी है। इसी दृष्टि को केंद्र में रखते हुए ब्रह्माकुमारीज़ द्वारा अनेक प्रभावशाली सेवाएँ आयोजित की गईं, जिनमें Interfaith Press Conference, Children & Youth Pavilion, Climate Wisdom Studio, Higher Education Pavilion, Creative Circularity Sessions तथा Global Meditation for the Climate प्रमुख रहीं।
इन सभी पहलों के माध्यम से यह संदेश सशक्त रूप से प्रस्तुत किया गया कि आंतरिक चेतना, नैतिक नेतृत्व, शांति और मूल्य-आधारित जीवनशैली ही स्थायी जलवायु समाधान की आधारशिला हैं। वरिष्ठ बहनों एवं भाइयों द्वारा साझा किए गए संदेशों में यह विशेष रूप से रेखांकित किया गया कि
जब तक मानव अपने भीतर परिवर्तन नहीं लाता, तब तक बाहरी प्रणालीगत परिवर्तन स्थायी नहीं हो सकता।
Global Meditation for the Climate के माध्यम से विश्वभर के प्रतिभागियों ने शांति, सहयोग और करुणा की सामूहिक ऊर्जा का अनुभव किया और धरती के संरक्षण हेतु व्यक्तिगत व सामूहिक संकल्प लिया। युवाओं, महिलाओं, आदिवासी समुदायों और आस्था-आधारित संगठनों की सक्रिय भागीदारी ने COP30 को एक मानवीय और समावेशी दृष्टिकोण प्रदान किया।
































