रायपुर, 25 दिसम्बर 2025: नवा रायपुर के सेक्टर-20 स्थित शान्ति शिखर में इन्टरनेशनल माइण्ड एण्ड मेमोरी मैनेजमेन्ट ट्रेनर ब्रह्माकुमार शक्तिराज सिंह के मार्गदर्शन में सेना के जवानों के लिए राजयोग मेडिटेशन का एक विशेष सत्र आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम में कोसा (Chhattisgarh Odisha Sub Area) के ब्रिगेडियर तेजिन्दर सिंह गाबा सहित बड़ी संख्या में सेना के अधिकारी एवं जवान अपने परिवारजनों के साथ उपस्थित रहे। कार्यक्रम का विषय था – हैप्पीनेस को हाय और टेन्शन को बाय।
अपने सारगर्भित उद्बोधन में ब्रह्माकुमार शक्तिराज सिंह ने कहा कि
तनाव से मुक्त रहने के लिए मन में उत्पन्न होने वाले विचारों की संख्या (क्वांटिटी) को कम करना तथा उनकी गुणवत्ता (क्वालिटी) को बढ़ाना आवश्यक है। उन्होंने बताया कि माइण्ड को सही दिशा देने और उसे संतुलित रखने का सबसे प्रभावी माध्यम राजयोग मेडिटेशन है, जिसे ब्रह्माकुमारी संस्थान के माध्यम से सहज रूप से सीखा जा सकता है। जिस प्रकार हम प्रतिदिन मोबाईल की बैटरी चार्ज करते हैं, उसी प्रकार आत्मा और माइण्ड को भी रोज मेडिटेशन द्वारा चार्ज करने की आवश्यकता है। नींद से शरीर को आराम मिलता है, जबकि मेडिटेशन से आत्मा को शान्ति और सुकून की अनुभूति होती है
उन्होंने यह भी कहा कि ताली बजाना एक सरल और प्रभावी व्यायाम है, इसलिए कहा जाता है – ताली बजाओ, रोग भगाओ चिकित्सकों के अनुसार ताली बजाने से हार्ट अटैक का खतरा लगभग बीस प्रतिशत तक कम हो जाता है।
हमारे विचारों का जीवन पर गहरा प्रभाव पड़ता है, जैसा हम सोचते हैं वैसा ही जीवन में अनुभव करते हैं, इसलिए सभी के लिए सदैव शुभ और सकारात्मक विचार रखने चाहिए।
निगेटिव एनर्जी को समाप्त करने का सबसे अच्छा उपाय मुस्कुराना है। मुस्कुराने से अस्सी प्रतिशत से अधिक बीमारियों से बचाव संभव है। इससे न केवल हमारे भीतर की नकारात्मकता समाप्त होती है, बल्कि वातावरण में भी सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है। उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि एक बच्चा दिन भर में तीन सौ से अधिक बार मुस्कुराता है। यदि हम भी पद और पोजीशन को भूलकर बच्चे जैसी सहजता और सरलता अपनाएं, तो निश्चित रूप से तनावमुक्त जीवन जी सकते हैं।
कार्यक्रम के अंत में ब्रिगेडियर तेजिन्दर सिंह गाबा ने कोसा की ओर से मोमेन्टो प्रदान कर ब्रह्माकुमार शक्तिराज भाई एवं ब्रह्माकुमारी सविता दीदी को सम्मानित किया।





























