संस्कृत
... कितना भी प्यारा सम्बन्धी हो, उनको भी समझाते रहो। किसी में भी हड्डी प्यार की रग न जाये। नहीं तो सुधरेंगे नहीं ... (साकार मुरली - 30 March 2020)
अपार प्यार; जिगर
Utmost love
అమితమైన ప్రేమ