अव्यक्त मुरली
... आज सर्व ब्राहमण आत्माओं के मन के मीत, दिल के गीत, प्रीत की रीति निभाने के लिए वन्डरफुल रीति से रूहानी गुलाब फूलों के बगीचे में वा अल्लाह अपने बगीचे में मिलने के लिए आये हैं। ...
31 December 1982
संस्कृत
The friend of hearts
మనసుకు అతి ప్రియ మిత్రుడు; మనోభి ఆప్తుడు; మనోభి మిత్రుడు
मन मीत; दिली दोस्त