

"हमें आप बाबा ऐसे मिले हैं, कि जैसे नई जिन्दगी मिल गयी है ओ दिल के सहारे, मिले प्राण प्यारे, तो बेनूर को रोशनी मिल गयी है कहने को भगवान को मानते थे, कब कहना भगवान की मानते थे चले थे डगर में अन्धेरों में घिरते, अभी ज्ञान की चाँदनी मिल गयी है हमें आप बाबा ऐसे मिले हैं कि जैसे नई जिन्दगी मिल गयी है... उजली किरण है, उजली हैं राहें, उजले गगन में लगी है निगाहें निर्मल बने तन, मन हम तर गये है, गंगा हमें पावनी मिल गयी है हमें आप बाबा ऐसे मिले हैं कि जैसे नई जिन्दगी मिल गयी है... मन में प्रभु प्रेम बसने लगा है, जीवन में संगीत सजने लगा है गाने लगे साथ मिल करके सारे, मनभावनी रागिनी मिल गयी है हमें आप बाबा ऐसे मिले हैं कि जैसे नई जिन्दगी मिल गयी है..."