जीवन में रहते भी जैसे
जीवनमुक्त हो रहना है - 2
जीवनमुक्ति स्थिति है न्यारी,
जीवनमुक्ति स्थिति है प्यारी
ऐसी स्थिति को पाना है।
जीवन में रहते भी जैसे
जीवनमुक्त हो रहना है।
मेरे बाबा के सिवा
दूजा कोई भाये नहीं - 2
प्यारे बाबा के स्नेह में
देह-भान भी छुए नहीं
करावनहार ही कराए,
करणहार हम आत्मा हैं
सफलता का है यही साधन - 2
निमित्त निर्माण बनना है।
जीवन में रहते भी जैसे
जीवनमुक्त हो रहना है।
मन तो आत्मा का साथी है
समझाएँ उसे हम प्यार से - 2
मन जीते जगजीत बनें
शक्तियों के ही आधार से।
स्नेह की यही सौगात
ब्रह्मा बाबा को देना है।
व्यर्थ संकल्प हों खत्म अब - 2
बाबा से वादा निभाना है।
जीवन में रहते भी जैसे
जीवनमुक्त हो रहना है।
मन अगर मेरा है तो
मेरी हर बात को वो मान ले - 2
ज्ञान मुरली हर दिन ही सुनना है
मन में ठान ले।
मुरली अपनी है पढ़ाई,
पढ़ना और पढ़ाना है।
बाबा से अगर प्यार है तो - 2
मुरली से भी रखना है।
जीवन में रहते भी जैसे
जीवनमुक्त हो रहना है।
