मेरे बाबा तुम्हारी याद बहुत आती है
मेरे बाबा तुम्हारी याद बहुत आती है
नयनों में प्रेम के मोती भी साथ लाती है
मेरे बाबा तुम्हारी याद बहुत आती है
खुले जो नैन मिले सामने पाए अपने
पलक जो बंद किए साथ में पाए अपने
दिल की धड़कन धीरे से बात कहके जाती है
दिल की धड़कन धीरे से बात कहके जाती है
मेरे बाबा तुम्हारी याद बहुत आती है
यही दिल चाहता जी भरके तुम से बात करू तुम्हे देखू तुमसे ही मुलाकात करू
तेरे एहसान में दुनिया ये गुनगुनाती है
तेरे एहसान में दुनिया ये गुनगुनाती
मेरे बाबा तुम्हारी याद बहुत आती है
कभी मुरली सुनाते तो बजाते भी देखा
तो लाल अक्षरोंसे लिखते भाग्य की रेखा
घड़ी वो आज भी भूले नहीं भूलाती है
घड़ी वो आज भी भूले नहीं भूलाती है
मेरे बाबा तुम्हारी याद बहुत आती है
मेरे बाबा तुम्हारी याद बहुत आती है
नयनों में प्रेम के मोती भी साथ लाती है
मेरे बाबा तुम्हारी याद बहुत आती है
मेरे बाबा तुम्हारी याद बहुत आती है
