"शिव बाबा की शिव बाबा की
शिव बाबा की किरने करती कितना कमांल
शिव बाबा की किरने करती कितना कमांल
प्रेम का सागर सुख का सागर शांति का धाम
शिव बाबा का धाम शिव बाबा का धाम
शिव बाबा का धाम शिव बाबा का धाम
शिव बाबा की शिव बाबा की
शिव बाबा की शिव बाबा की
सूक्ष्म लोक के देवो का दृश्य ही न्यारा है
ये जीवन कमल सा सुंदर लगता प्यारा है
यहा दिव्य चक्षु से सब देखा जाता है
यहा बाप दादा का अलौकिक मिलन भी होता है
ये फरिश्तों का धाम होते साक्षात्कार
शिव बाबा की शिव बाबा की
शिव बाबा की किरने करती कितना कमांल
प्रेम का सागर सुख का सागर शांति का धाम
शिव बाबा का धाम शिव बाबा का धाम
शिवबावा का धाम शिवबावा का धाम
शिव बाबा की शिव बाबा की
यहा स्वर्णिम दुनिया के रंग ही न्यारे है
यहा सोने रत्नों के सुंदर महल ही होते है
लक्ष्मी नारायण लगते कितने ही प्यारे है
राधा मोहन के संग सब रास भी करते है
न भेदभाव कोई यहा खुशियां अपार
शिव बाबा की शिव बाबा की
शिव बाबा की किरने करती कितना कमांल
प्रेम का सागर सुख का सागर शांति का धाम
शिव बाबा का धाम शिव बाबा का धाम
शिवबावा का धाम शिवबावा का धाम
शिव बाबा की शिव बाबा की
जब ब्रम्हा के तन में शिव ने प्रवेश किया
फिर मीठे बाबा का परिचय सबको मिला
प्रभु के वरदानों को जिसने भी प्राप्त किया
जन्म जन्म का वरसा है शिव से लिया
धन दौलत छोडके बाटे बाबा का ज्ञान
शिव बाबा की शिव बाबा की
शिव बाबा की किरने करती कितना कमांल
प्रेम का सागर सुख का सागर शांति का धाम
शिव बाबा का धाम शिव बाबा का धाम
शिव बाब का धाम शिव बाब का धाम
शिव बाबा की शिव बाबा की
इस मधुबन धरती में नित शिवर भी लगते है
कई पतित से पावन बनते हम सबने देखे है
शिव ज्ञानका सागर है अमृत बरसता हैं
ज्ञान गुणों की शक्ति से हमको सजाता है
ब्रम्हा बाबा के साथ यहा ब्राम्हणों का वास
शिव बाबा की शिव बाबा की
शिव बाबा की किरने करती कितना कमांल
प्रेम का सागर सुख का सागर शांति का धाम
शिव बाबा का धाम शिव बाबा का धाम
शिव बाबा का धाम शिव बाबा का धाम
शिव बाबा की शिव बाबा की"
