"शिव बाबा ...शिव बाबा...
शिव बाबा तू सबका मात पिता है
सतगुरु है तू सबका
तू सबका ही मात पिता है
शिव बाबा..
तू निराकार है ब्रह्मा के तन में आया
तू निराकार है ब्रह्मा के तन में आया
ब्रह्मा के मुख से गीता ज्ञान सुनाया
ब्रह्मा के मुख से गीता ज्ञान सुनाया
पतीतो से हमें पावन आकर बनाया
पाकर बाबा प्रेम तुम्हारा रूहानी
ये जीवन सफल सुखद हो
तू सबका ही मात पिता है शिव बाबा..
तू ज्ञान का सागर ज्ञान स्वरूप बनाया
तू ज्ञान का सागर ज्ञान स्वरूप बनाया
भटकी हुई आत्माओं को आन बसाया
भटकी हुई आत्माओं को आन बसाया
विकारी जीवन कमल समान बनाया
पाकर बाबा प्यार तुम्हारा निराला
ये जीवन सफल सुखद है
तू सबका ही मात पिता है शिव बाबा..
अब योग सीखाकर दुनिया को है भूलाया
अब योग सीखाकर दुनिया को है भूलाया
अब प्रेम का नाता जोड़ देव पद पाया
अब प्रेम का नाता जोड़ देव पद पाया
सुनकर तेरी मुरली सुहानी सुहानी
पाकर बाबा प्रेम तुम्हारा रूहानी
ये जीवन सफल सुखद है
तू सबका ही मात पिता है शिव बाबा..
शिव बाबा तू सबका माता पिता है
सद्गुरु है तू सबका
तू सबका मात पिता है शिव बाबा.."
