"आ आ आ आ आ
तेरे एहसान पर यह दिल कुर्बान है बाबा
तेरे एहसान पर यह दिल कुर्बान है बाबा
तुझसे ही मेरी
तुझसे ही मेरी जिंदगी महान है बाबा
तेरे एहसान पर........
तीनों जहां की खुशियां तुमने दी आकर
प्यासी नदी को जैसे मिल गया हो सागर
तेरी ही पलकों में
तेरी ही पलकों में मेरा जहान है बाबा
तेरे एहसान पर........
तुझको पाके देखे हमने ये नज़ारे
अब तो चमक उठे हैं तकदीर के सितारे
तुझसे ही होठों पर
तुझसे ही होठों पर प्यारी मुस्कान है बाबा
तेरे एहसान पर यह दिल कुर्बान है बाबा
तेरे एहसान पर यह दिल कुर्बान है बाबा
तुझसे ही मेरी
तुझसे ही मेरी जिंदगी महान है बाबा
तेरे एहसान पर....... "
