यादों में यादों में शिव को समाओ
यादों में शिव को समाओ
ओ मानव ओ मानव
तुम परमानंदको पाओ
यादों में शिव को समाओ
ओ मानव तुम परमानंदको पाओ
तुम परमानंदको पाओ
भवसागरके भवर जाल से कभी नहीं घबराना तुम
भवसागरके भवर जाल से कभी नहीं घबराना तुम
फसना नहीं तैरते रहना लहरोसा लहराना तुम
प्रेम का पाठ पढ़ाओ मानव
प्रेम का पाठ पढ़ाओ मानव
प्रीत की रीत सिखाओ
यादों में शिव को समाओ
ओ मानव तुम परमानंद को पाओ
यादों में शिव को समाओ
ओ मानव तुम परमानंद को पाओ
पंछी झूम रहा डाली पर चित की चिंता से है दूर
पंछी झूम रहा डाली पर चित की चिंता से है दूर
मधुर स्वरो में प्रभु गुण गाता लूटा रहा खुशियां भरपूर
जीवन सरल बनाओ मानव
जीवन सरल बनाओ
तुम चिंता की चिता जलाओ
यादों में शिव को समाओ
ओ मानव तुम परमानंद को पाओ
यादों में शिव को समाओ
ओ मानव तुम परमानंद को पाओ
सोचो कौन कहासे आए क्या तुमको ले जाना
सोचो कौन कहासे आए क्या तुमको ले जाना
किसने भेजा सृष्टि पर क्कयू हुआ तुम्हारा आना
ज्ञान का दीप जलाओ मानव
ज्ञान का दीप जलाओ तुम मन से अंधकार मिटाओ
यादों में शिव को समाओ
ओ मानव तुम परमानंद को पाओ
यादों में शिव को समाओ
ओ मानव तुम परमानंद को पाओ
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