अरबी
... ब्रह्माकुमारियां जिसके लिए समझते थे, यह क्या करेंगी। कुछ गलत फहमी भी थी लेकिन यह 75 वर्ष का सुनके अभी यह समझते हैं कि यह जो चाहें वह कर सकते हैं इसलिए जो भी निमित्त हैं गवर्मेन्ट में उन्हों तक आवाज अच्छा पहुंचा है, ... (अव्यक्त मुरली - 19 October 2011)
गलत समझना
Misunderstanding
అపార్థము