संस्कृत
... तुम शक्तियों की चाल ऐसी चाहिए जैसे डेल (मोरनी)। तुम्हारे मुख से सदैव रत्न निकलने चाहिए, पत्थर नहीं ... (साकार मुरली - 2 July 2018)
डेल; मादा मोर
Peahen
ఆడ నెమలి