मुझे भाए अनादि धाम मेरा मूलवतन मेरा घर
मुझे भाए अनादि धाम मेरा मूलवतन मेरा घर
परम शांति की दुनियां परम शांति की दुनियां रूहों का अनोखा नगर
मुझे भाए अनादि धाम मेरा मूलवतन मेरा घर
मुझे भाए अनादि धाम मेरा मूलवतन मेरा घर
ना तन का कोई बंधन ना मन में कोई बात
ना तन का कोई बंधन ना मन में कोई बात
है यहां प्रभु का बसेरा होते नहीं दिन रात
है यहां प्रभु का बसेरा होते नहीं दिन रात
झील मिल करती मणिया सारी आती सारी नजर
मुझे भाए अनादि धाम मेरा मूलवतन मेरा घर
मुझे भाए अनादि धाम मेरा मूलवतन मेरा घर
परमानंद का मंदिर ये लोक है सबसे प्यारा
परमानंद का मंदिर ये लोक है सबसे प्यारा
बिखराते फिर प्रकाश यह चारो और उजियारा
पवित्रता की किरणे यहां बिखरे रे झर झर
मुझे भाए अनादि धाम मेरा मूलवतन मेरा घर
मुझे भाए अनादि धाम मेरा मूलवतन मेरा घर
सर्व गुणों और शक्तियोंसे सजा है मेरा रूप
सर्व गुणों और शक्तियोंसे सजा है मेरा रूप
मेरे बाबा का साथ यहां वतन ये बड़ा है अनूप
मेरे बाबा का साथ यहां वतन ये बड़ा है अनूप
बेहद का संसार ये सब से उच्चा है शिखर
मुझे भाए अनादि धाम मेरा मूलवतन मेरा घर
मुझे भाए अनादि धाम मेरा मूलवतन मेरा घर
परम शांति की दुनियां परम शांति की दुनियां रूहों का अनोखा नगर
मुझे भाए अनादि धाम मेरा मूलवतन मेरा घर
मुझे भाए अनादि धाम मेरा मूलवतन मेरा घर
