... या अनन्य कहते हैं या कोई विशेष टाइटल देते हैं तो उस टाइटल को मिसयूज कर लेते हैं, समझते हैं मैं तो ऐसा बन ही गया। मैं तो हूँ ही ऐसा। ऐसा समझकर अपना आगे का पुरूषार्थ छोड़ देते हैं ... (अव्यक्त मुरली - 24 February 1984)
दुरुपयोग
Wrong use
దుర్వినియోగము