साकार मुरली
... वह तो पहले मच्छीमयानी थी। मछली फँसाने वाले वहाँ रहते थे। अभी तो समुद्र को कितना सुखाया है ...
29 July 2016
संस्कृत
Fish
చేప
मस्त्य; मीन