संस्कृत
... पतंग उड़ता हुआ शूट हो गया तो फिर-फिर रिपीट होता रहेगा। यह भी ड्रामा का सेकेण्ड-सेकेण्ड रिपीट होता जाता है ... (साकार मुरली - 20 June 2016)
गुड्डी; कनकौआ; कागज और बांस की तीली की पतंग जो डोर के सहारे उड़ती है।
A kite
గాలిపటము