... जगतअम्बा का भी स्लोगन था याद है, पुरानों को याद होगा। जगत अम्बा यही कहती हुक्मी हुक्म चलाए रहा।मैं नहीं, चलाने वाला बाप चला रहा है ...
14 March 2006
अव्यक्त मुरली (गुरुग्रन्थ साहब)
Whatever is happening in this world is in his stride ie., HUKUM
ఏది జరుగుతున్నా అది ఆజ్ఞాపించేవాడు (భగవంతుడు) ఆజ్ఞాపిస్తున్నాడు అని భావించాలి
जो कुछ भी होता है, भगवान की आज्ञा समझकर उस आज्ञा को मानकर चलना है