... एक दो को सहयोगी बनाकर मायाजीत क वायब्रेशन्स फैलाओ अब ऐसा किला मज़बूत करो। इतना किला पक्का हो जो माया की हिम्मत ही न रहे ... (अव्यक्त मुरली - 28 November 1979)
स्पंदन; थरथराहट
Oscillations
ప్రకంపనములు