साकार मुरली
... बाप ने समझाया है – यह सृष्टि रूपी झाड़ है। झाड़ में पहले थोड़े पत्ते फिर बढ़ते जाते हैं। ...
3 April 2017
संस्कृत
Leaves
ఆకులు
पत्तियाँ