अव्यक्त मुरली
... अनादि अविनाशी संस्कार – ‘साइलेन्स’ है।...
16 March 1986
संस्कृत
Eternal; Everlasting
నిత్యమైనది; ఆది అంతము లేనిది
जो सदा से बना चला आ रहा हो