राजयोग - Rajayoga

18 unique murli dates in this topic

18 murlis in हिंदी

11/03/1971“परिस्थितियों को पार करने का साधन - ‘स्वस्थिति'”28/06/1973“योगयुक्त होने से स्वत: युक्तियुक्त संकल्प, बोल और कर्म होंगे”24/06/1974“राजयोगी ही विश्व-राज्य के अधिकारी”12/12/1984“विशेष आत्माओं का फर्ज”01/01/1986“नया वर्ष रूहानी प्रभावशाली बनने का वर्ष”11/04/1986“श्रेष्ठ तकदीर की तस्वीर बनाने की युक्ति”05/10/1987“ब्राह्मण जीवन का सुख - सन्तुष्टता व प्रसन्नता”29/10/1987“तन, मन, धन और सम्बन्ध की शक्ति”27/12/1987“निश्चय बुद्धि विजयी रत्नों की निशानियाँ”25/02/1991“सोच और कर्म में समानता लाना ही परमात्म प्यार निभाना है”16/03/1992“होली मनाना अर्थात दृढ़ संकल्प की अग्नि में कमजोरियों को जलाना और मिलन की मौज मनाना”08/04/1992“ब्रह्मा बाप से प्यार की निशानी है - अव्यक्त फरिश्ता बनना”12/11/1992“भविष्य विश्व-राज्य का आधार - संगमयुग का स्वराज्य”30/11/1992“सर्व खजानों से सम्पन्न बनो - दुआएं दो, दुआएं लो”31/12/1992“सफलता प्राप्त करने का साधन - सब कुछ सफल करो”18/01/1993“प्रत्यक्षता का आधार - दृढ़ प्रतिज्ञा”25/11/1993“सहज सिद्धि प्राप्त करने के लिए ज्ञान स्वरूप प्रयोगी आत्मा बनो”31/12/2005“नये वर्ष में अपने पुराने संस्कारों को योग अग्नि में भस्म कर ब्रह्मा बाप समान त्याग, तपस्या और सेवा में नम्बरवन बनो''

© 2026 Brahma Kumaris. All rights reserved.

Murli Portal — Spiritual wisdom for daily living.

Command Palette

Search for a command to run...