Fearful-भयभीत

32 unique murli dates in this topic

32 murlis in हिंदी

03/10/1969“सम्पूर्ण समर्पण की निशानियां”24/01/1970“ब्राह्मणों का मुख्य धंधा - समर्पण करना और कराना”25/01/1970“यादगार कायम करने की विधि”07/06/1970“दिव्य मूर्त बनने की विधि”19/09/1972“मजबूरियों को समाप्त करने का साधन - मजबूती”09/01/1975“सम्‍पूर्ण बनने में सबसे बड़ा विघ्‍न अलबेलापन”13/09/1975“विश्व-परिवर्तन ही ब्राह्मण जीवन का विशेष कर्तव्य है”10/01/1977“जैसा लक्ष्य वैसा लक्षण”14/04/1977“श्रेष्ठ तकदीर की तस्वीर”03/05/1977“कर्मों की अति गुह्य गति”16/05/1977“माया के वार का सामना करने के लिए दो शक्तियों की आवश्यकता”31/05/1977“विश्व कल्याण करने का सहज साधन है श्रेष्ठ संकल्पों की एकाग्रता”20/06/1977“सदा सहजयोगी बनने का साधन है - महादानी बनना”02/01/1978“ज्ञान चन्द्रमा और ज्ञान सितारों की रिमझिम”01/12/1978“सर्व खजानों की चाबी - एकनामी बनना”29/03/1981“ज्ञान का सार ‘मैं और मेरा बाबा’”08/01/1982“लण्डन ग्रुप के साथ अव्यक्त बापदादा की मुलाकात”18/12/1987“कर्मातीत स्थिति की गुह्य परिभाषा”31/12/1989“वाचा सेवा के साथ मन्सा सेवा को नेचुरल बनाओ, शुभ भावना सम्पन्न बनो”13/10/1992“नम्बरवन बनना है तो ज्ञान और योग को स्वरूप में लाओ”03/11/1992“रूहानी रॉयल्टी सम्पन्न आत्माओं की निशानियां”20/12/1992“आज्ञाकारी ही सर्व शक्तियों के अधिकारी”09/01/1993“अव्यक्त वर्ष मनाना अर्थात् सपूत बन सबूत देना”09/12/1993“एकाग्रता की शक्ति से दृढ़ता द्वारा सहज सफलता की प्राप्ति”23/12/1993“पवित्रता के दृढ़ व्रत द्वारा वृत्ति का परिवर्तन”17/11/1994“हर गुण व शक्ति के अनुभवों में खो जाना अर्थात् खुशनसीब बनना”18/01/1996“सदा समर्थ रहने की सहज विधि - शुभचिंतन करो और शुभचिंतक बनो”03/04/1997“पुराने संस्कारों को खत्म कर अपने निजी संस्कार धारण करने वाले एवररेडी बनो”14/12/1997“व्यर्थ और निगेटिव को अवाइड कर अवार्ड लेने के पात्र बनो”16/12/2000“साक्षात ब्रह्मा बाप समान कर्मयोगी फरिश्ता बनो तब साक्षात्कार शुरू हो”20/02/2001“शिव जयन्ती, व्रत लेने और सर्व समर्पण होने का यादगार है''30/11/2004“अभी अपने चलन और चेहरे द्वारा ब्रह्मा बाप समान अव्यक्त रूप दिखाओ, साक्षात्कार मूर्त बनो''

© 2026 Brahma Kumaris. All rights reserved.

Murli Portal — Spiritual wisdom for daily living.

Command Palette

Search for a command to run...