
14 - क्या हमने अपने वास्तविक स्वरूप को भुला दिया है?
BK Shivani
Essence
कभी हमने अपने आप से पूछा है…
दिनभर हम…
कुछ न कुछ पाने की कोशिश करते रहते हैं…
सफलता… सम्मान… खुशी… शांति…
हमें हमेशा लगता है…
कि बस थोड़ा और मिल जाए…
तो शायद… सब कुछ ठीक हो जाएगा।
लेकिन… क्या कभी हमने रुककर यह सोचा है…
कि जिसे हम बाहर खोज रहे हैं… क्या वह सचमुच बाहर है?
या… हमने अपने ही वास्तविक स्वरूप को… कहीं पीछे छोड़ दिया है?
Being Bliss हमें एक बहुत सुंदर प्रश्न के सामने खड़ा करता है—
क्या हम अपने अनुभवों… अपनी परिस्थितियों…
और अपने संस्कारों को ही… अपनी पहचान मान बैठे हैं? या…
हमारे भीतर… आज भी… वही शांति… वही प्रेम… वही आनंद… मौजूद है…
जिसे हमने सिर्फ़ पहचानना छोड़ दिया है?



