"एक संकल्प...जो बदल सकता है करोड़ों जीवन।"
भारत की युवा शक्ति विकसित भारत की सबसे बड़ी पूंजी है। आज आवश्यकता है कि यह शक्ति स्वस्थ, जागरूक, संस्कारवान और नशामुक्त बने। लेकिन नशे की बढ़ती प्रवृत्ति युवाओं के स्वास्थ्य, शिक्षा, परिवार और राष्ट्र के उज्ज्वल भविष्य के सामने एक गंभीर चुनौती बनती जा रही है। ऐसे समय में केवल कानून या उपचार ही पर्याप्त नहीं हैं, बल्कि जनजागरूकता, सकारात्मक जीवनशैली और सामाजिक सहभागिता भी उतनी ही आवश्यक हैं।
इसी उद्देश्य से प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्व विद्यालय द्वारा भारत सरकार के सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय के "नशा मुक्त भारत अभियान" तथा गृह मंत्रालय के अधीन नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (NCB) के Mission SPANDAN के सहयोगात्मक जनजागरण प्रयासों के अनुरूप 6 अगस्त से 20 अगस्त 2026 तक देशव्यापी "10 करोड़ नशा मुक्ति प्रतिज्ञा महाअभियान" आयोजित किया जा रहा है।
एक ऐतिहासिक राष्ट्रीय जनआंदोलन
यह अभियान केवल एक प्रतिज्ञा कार्यक्रम नहीं, बल्कि एक राष्ट्रव्यापी जनआंदोलन है, जिसका उद्देश्य 10 करोड़ भारतीय नागरिकों को नशा मुक्त जीवन का संकल्प दिलाना तथा प्रत्येक परिवार तक स्वास्थ्य, सकारात्मक सोच और नैतिक मूल्यों का संदेश पहुँचाना है।
यह अभियान ब्रह्माकुमारीज़ की पूर्व मुख्य प्रशासिका राजयोगिनी दादी प्रकाशमणि जी की 19वीं पुण्य स्मृति को समर्पित है। दादीजी का सम्पूर्ण जीवन आध्यात्मिक जागरण, मानव सेवा और समाज में सकारात्मक परिवर्तन के लिए समर्पित रहा। यह अभियान उनके आदर्शों और प्रेरणाओं को जन-जन तक पहुँचाने का एक विनम्र प्रयास है।
राष्ट्रीय शुभारम्भ
अभियान का राष्ट्रीय शुभारम्भ 2 अगस्त 2026 को नई दिल्ली में आयोजित किया जाएगा।
इस अवसर पर "Nasha Mukt Yuva for Viksit Bharat" राष्ट्रीय कार्यक्रम के माध्यम से देशभर के युवाओं को नशामुक्त भारत के निर्माण हेतु प्रेरित किया जाएगा। इसके पश्चात 4 अगस्त 2026 को 28 राज्यों, 8 केंद्रशासित प्रदेशों तथा लगभग 800 जिलों में एक साथ अभियान का शुभारम्भ करने का लक्ष्य रखा गया है, जिससे पूरे देश में जनजागरण का व्यापक वातावरण निर्मित हो सके।
अभियान के प्रमुख उद्देश्य
- 110 करोड़ नागरिकों को नशा मुक्ति की प्रतिज्ञा दिलाना।
- 2युवाओं को नशे के दुष्परिणामों के प्रति जागरूक बनाना।
- 3स्वस्थ, सकारात्मक एवं मूल्य-आधारित जीवनशैली को बढ़ावा देना।
- 4प्रत्येक परिवार तक नशामुक्ति का संदेश पहुँचाना।
- 5राजयोग मेडिटेशन के माध्यम से आत्मबल एवं आत्मनियंत्रण विकसित करना।
- 6विकसित भारत के निर्माण में युवाओं की सकारात्मक भूमिका को सशक्त बनाना।

क्यों आवश्यक है यह अभियान?
नशा केवल व्यक्ति को ही नहीं, बल्कि पूरे परिवार, समाज और राष्ट्र को प्रभावित करता है। इसके परिणामस्वरूप—
- स्वास्थ्य सम्बन्धी गंभीर समस्याएँ उत्पन्न होती हैं।
- मानसिक तनाव, चिंता एवं अवसाद बढ़ते हैं।
- पारिवारिक सम्बन्ध कमजोर होते हैं।
- शिक्षा एवं रोजगार पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है।
- अपराध एवं सड़क दुर्घटनाओं में वृद्धि होती है।
- युवाओं की ऊर्जा, प्रतिभा एवं क्षमता का ह्रास होता है।
इसीलिए नशा मुक्त भारत केवल स्वास्थ्य का विषय नहीं, बल्कि राष्ट्र निर्माण का भी विषय है।
राजयोग जीवनशैली—स्थायी समाधान
ब्रह्माकुमारीज़ का अनुभव है कि नशामुक्ति केवल नशा छोड़ने का प्रयास नहीं, बल्कि सम्पूर्ण जीवनशैली परिवर्तन का विषय है।
राजयोग मेडिटेशन व्यक्ति को—
- मानसिक शांति प्रदान करता है।
- आत्मविश्वास बढ़ाता है।
- इच्छाशक्ति को मजबूत बनाता है।
- तनाव कम करने में सहायता करता है।
- सकारात्मक सोच विकसित करता है।
- श्रेष्ठ जीवन मूल्यों से जोड़ता है।
यही आंतरिक शक्ति व्यक्ति को व्यसनों से दूर रहने की स्थायी प्रेरणा प्रदान करती है।
प्रत्येक नागरिक बने परिवर्तन का दूत
यह अभियान तभी सफल होगा जब प्रत्येक नागरिक स्वयं आगे आए।

आइए, हम सब मिलकर यह संकल्प लें—
मैं किसी भी प्रकार का नशा नहीं करूँगा।
अपने परिवार को नशामुक्त रखने का प्रयास करूँगा।
कम से कम पाँच अन्य लोगों को नशामुक्ति की प्रतिज्ञा दिलाऊँगा।
अपने विद्यालय, महाविद्यालय, कार्यस्थल अथवा समाज में इस अभियान को आगे बढ़ाने का प्रयास करूँगा।
स्वस्थ, संस्कारवान एवं विकसित भारत के निर्माण में अपना योगदान दूँगा।
राष्ट्रीय प्रतिज्ञा से ऐसे जुड़ें
राष्ट्रीय नशामुक्ति प्रतिज्ञा से जुड़ने के लिए—
WhatsApp पर 9414154000 पर "PLEDGE" लिखकर भेजें।
या
QR Code स्कैन करें।
आपको प्रतिज्ञा का लिंक प्राप्त होगा, जिसके माध्यम से आप इस ऐतिहासिक राष्ट्रीय अभियान का हिस्सा बन सकते हैं।
आइए, इतिहास रचें

जब 10 करोड़ भारतीय एक साथ नशामुक्त जीवन का संकल्प लेंगे, तब यह केवल एक आँकड़ा नहीं होगा, बल्कि भारत के सामाजिक परिवर्तन की एक नई शुरुआत होगी।
युवा बदलेंगे...
परिवार बदलेंगे...
समाज बदलेगा...
और तभी साकार होगा—
नशामुक्त भारत • स्वस्थ भारत • विकसित भारत
एक संकल्प... 10 करोड़ परिवर्तन।









