25 जनवरी 2026 को राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के 100 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष में राजस्थान के कोटा शहर के महावीर नगर प्रथम में एक भव्य विराट हिंदू सम्मेलन का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में सुभाष नगर सेकंड की संचालिका बीके आरती को मुख्य अतिथि के रूप में आमंत्रित किया गया।
कार्यक्रम के दौरान मंचासीन संत-महात्माओं एवं आयोजकों द्वारा बीके आरती का सम्मान किया गया। अपने उद्बोधन में उन्होंने भारतीय संस्कृति की गहराई, आध्यात्मिक चेतना की शक्ति, नैतिक मूल्यों की आवश्यकता तथा सामाजिक एकता के महत्व पर सरल और प्रेरक विचार साझा किए।
बीके आरती ने कहा कि
सनातन धर्म वह दिव्य धर्म है जिसमें स्वयं भगवान की प्रवेशता हुई है, इसलिए यह सभी धर्मों द्वारा माननीय और पूजनीय है। हिंदू धर्म का अर्थ है एकता, कल्याण की भावना और वसुधैव कुटुम्बकम की सोच। उन्होंने सभी को यह स्मरण कराया कि हम हिंदुस्तान में रहते हैं और हमारा धर्म सनातन हिंदू धर्म है, जो प्रेम, शांति और विश्व कल्याण का मार्ग दिखाता है। उन्होंने यह भी बताया कि देवी-देवताओं की सर्वाधिक परंपरा सनातन धर्म में ही देखने को मिलती है।
इस विराट सम्मेलन में युवाओं, महिलाओं तथा सर्व समाज के लोगों की बड़ी संख्या में सहभागिता रही। संपूर्ण वातावरण आध्यात्मिक ऊर्जा, सांस्कृतिक गरिमा और राष्ट्रीय एकता की भावना से परिपूर्ण रहा।





















