उड़ीसा के कंधमाल जिले के फुलवाणी केंद्र द्वारा अप्रैल 2025 से मार्च 2026 के मध्य विभिन्न आध्यात्मिक, सामाजिक एवं सरकारी समन्वय कार्यक्रमों का सफलतापूर्वक आयोजन किया गया, जिसने समाज में सकारात्मक परिवर्तन की दिशा में महत्वपूर्ण योगदान दिया।

इस अवधि में सुरक्षा बलों एवं सरकारी संस्थानों के साथ सुदृढ़ समन्वय स्थापित किया गया। अप्रैल 2025 में सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) के अधिकारियों के लिए योग भट्टी से कार्यक्रमों की शुरुआत हुई, जिसके पश्चात मई माह में 116 बटालियन के राइजिंग डे के अवसर पर विशेष राजयोग प्रशिक्षण शिविर आयोजित किया गया। जनवरी 2026 में "खुशी के सुपर बाजार" विषय पर एक प्रेरणादायक सत्र का आयोजन भी किया गया। इसके अतिरिक्त, उड़ीसा पुलिस एवं अग्निशमन विभाग के कर्मचारियों को राजयोग की शिक्षा प्रदान की गई तथा उन्हें नैतिक कर्तव्यों के पालन की प्रतिज्ञा दिलाई गई।

सामाजिक जागरूकता के क्षेत्र में, जुलाई एवं अगस्त 2025 के दौरान "नशा मुक्त भारत अभियान" के अंतर्गत व्यापक रैलियों एवं मेलों का आयोजन किया गया। इन कार्यक्रमों में जिला शिक्षा अधिकारी, डीएसएसओ, एडीएम सहित बी के सविता दीदी जैसे गणमान्य अतिथियों की गरिमामयी उपस्थिति रही। विद्यार्थियों एवं आम जनमानस को नशा मुक्ति की शपथ दिलाई गई। साथ ही, नवंबर एवं दिसंबर में भ्रष्टाचार विरोधी दिवस के अवसर पर कार्यक्रम आयोजित किए गए, जिनमें बी के भारती दीदी को उड़ीसा सरकार द्वारा सम्मानित किया गया।


नवंबर 2025 में फुलवाणी केंद्र की रजत जयंती के उपलक्ष्य में तीन दिवसीय भव्य समारोह आयोजित किया गया। इस विशेष अवसर पर प्रख्यात वक्ता बी के शिवानी दीदी की प्रेरणादायक उपस्थिति रही, जिन्होंने स्थानीय व्यापारियों एवं नागरिकों को राजयोग अभ्यास के लिए प्रेरित किया। कार्यक्रम में मुख्यालय से डॉ. बनारसी भाई जी तथा वरिष्ठ दीदियां जैसे बी के रुक्मणी दीदी एवं बी के प्रवीणा दीदी की भी स्नेहिल उपस्थिति रही।


फरवरी 2026 में वरिष्ठ नागरिकों के लिए विशेष योग एवं आध्यात्मिक सत्रों के साथ-साथ स्मृति ह्रास (भूलने की बीमारी) की जांच हेतु एक स्वास्थ्य शिविर आयोजित किया गया, जिसमें मेडिकल कॉलेज के विशेषज्ञों एवं फिजियोथेरपिस्टों ने अपनी सेवाएं प्रदान कीं।

वर्ष का समापन मार्च 2026 में जेल परिसर में आयोजित एक विशेष आध्यात्मिक शिविर के साथ हुआ, जिसका उद्देश्य कैदियों के जीवन में सकारात्मक परिवर्तन लाना था।
इस प्रकार, फुलवाणी केंद्र ने इस एक वर्ष की अवधि में आध्यात्मिक सशक्तिकरण एवं सामाजिक सुधार के मध्य एक सशक्त सेतु के रूप में कार्य किया। विभिन्न सरकारी विभागों एवं प्रतिष्ठित हस्तियों के सहयोग से किए गए इन प्रयासों ने कंधमाल जिले में ईश्वरीय संदेश एवं राजयोग के प्रभाव को गहराई से स्थापित किया।

















