22 अगस्त 2025 को राजयोगिनी दादी प्रकाशमणी जी की पावन स्मृति में रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया। इस शिविर में कुल 55 लोगों ने भाग लिया, जिनमें से 18 लोग रक्तदान के योग्य पाए गए और उन्होंने समाज सेवा हेतु अपना योगदान दिया।
इस अवसर पर रक्तदान अस्पताल के स्टाफ का आत्मीय स्वागत किया गया तथा उन्हें भोजन, ईश्वरीय प्रसाद एवं ब्रह्माकुमारीज़ के ज्ञान से परिचित कराया गया। यह सेवा कार्यक्रम दादी जी की निस्वार्थ सेवा भावना का स्मरण कराते हुए सभी के लिए प्रेरणास्रोत बना।
यह आयोजन न केवल रक्तदान जैसे महापुण्य कार्य के माध्यम से मानवता की सेवा का प्रतीक बना, बल्कि ईश्वरीय संदेश और आत्मिक शांति का भी अनुभव कराने का माध्यम रहा।


















