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अपने बिलीफ सिस्टम को बदलें और पॉजिटिव भाग्य बनाएं

May 31, 2024

अपने बिलीफ सिस्टम को बदलें और पॉजिटिव भाग्य बनाएं

हमारे विचारों को प्रभावित करने वाले तीन फैक्टर्स होते हैं; पास्ट के हमारे अनुभव, इन्फॉर्मेशन और हमारे बिलीफ सिस्टम। बिलीफ सिस्टम हमारे थॉट्स को निर्धारित करते हैं जिनसे फिर हमारा भाग्य बनता है। ऐसे ही, हमारे कुछ साधारण से बिलीफ सिस्टम के कारण तनाव, दर्द और संबंधों में टकराव जैसे इमोशंस क्रिएट होते हैं जो स्ट्रेसफुल डेस्टिनी क्रिएट करते हैं। आइए, इन सबके बजाय, एक नए बिलीफ सिस्टम के बारे में जानें-

 

1.तनाव और चिंता स्वाभाविक है के बजाय शांति और शांत रहना स्वाभाविक है।

2.क्रोध करना जरूरी है के बजाय करुणाभाव होना जरूरी है।

3.हर्ट होना स्वाभाविक है के बजाय सहानुभूति रखना स्वाभाविक है।

4.पद, प्रतिष्ठा और धन सम्पत्ति से खुशियां आती हैं के बजाय हर थॉट खुशनुमा बन सकता है।

5.प्रतिस्पर्धा ही रास्ता है के बजाय सहयोग ही रास्ता है।

6.आलोचना एक प्रेरक का काम करती है के बजाय प्रशंसा प्रेरक का काम करती है।

7.प्यार में अपेक्षा रखना जरूरी है के बजाय प्यार में स्वीकार भाव जरूरी है।

8.गिल्ट फील करने से बदलाव आएगा के बजाय एहसास बदलाव लाएगा।

 

हम सभी अपने विचारों की क्वालिटी को बदलना चाहते हैं, पर हमेशा के लिए ऐसा करने में समर्थ नहीं हो पाते, क्यूंकि हमारे विचार हमारे बिलीफ सिस्टम से पैदा होते हैं। अगर हम ये मानते आ रहे हैं कि, अनुशासन के लिए क्रोध करना जरूरी है या बिना क्रोध के चीज़ों को कन्ट्रोल नहीं किया जा सकता या लोग मुझे हल्के में लेने लगेंगे और मुझे कमज़ोर समझने लगेंगे। ऐसे हम शांति और प्यार के विचार क्रिएट नहीं कर सकते हैं। आइए, अब एक नए बिलीफ सिस्टम के साथ एक्सपेरिमेंट करते हैं- मैं एक शांत और प्रेम स्वरूप आत्मा हूँ और मेरे चारों तरफ सभी आत्माएं भी शांत और प्रेम स्वरूप हैं। शांति और प्यार सशक्त करने और कार्य कराने का रास्ता है। इस बिलीफ सिस्टम का उपयोग करें और अपने भाग्य को बदलते हुए देखें। क्या आप जानते हैं कि, हमारा अवचेतन मन यानि कि सब कांशियस माइंड; हमारे स्वयं और दूसरों के बारे में बहुत सारे बिलीफ सिस्टम से भरा हुआ है। इसलिए इसके बारे में जागरूक हों और चेक करें कि, हमें किस चीज से दर्द वा पीड़ा हो रही है और फिर किसी नए बिलीफ सिस्टम को एक्सप्लोर करें।

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