11 नवम्बर 2025 — देश-विदेश की तमाम खबरों के साथ एक प्रेरणादायक समाचार माउंट आबू से। ब्रह्माकुमारीज़ द्वारा स्थापित विश्व प्रसिद्ध पीस पार्क ने अपने गौरवशाली 40 वर्ष पूर्ण कर लिए हैं। इस अवसर पर दो दिवसीय मानिक जयंती महोत्सव का आयोजन भव्य रूप से किया गया, जिसमें देश-विदेश सहित विशेष रूप से गुजरात राज्य से आए पर्यटकों, संगीतकारों, कलाकारों और गणमान्य अतिथियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलन के साथ हुआ, जिसे राज परिवार के महाराजकुमार देवत सिंह, संगीत निर्देशक हेमंत आचार्य, ब्रह्माकुमारीज़ की अतिरिक्त मुख्य प्रशासिका राजयोगिनी बी.के. शशि दीदी, भारतीय सेना की लेफ्टिनेंट कर्नल प्रीति तिवारी, पीस पार्क के संस्थापक बी.के. किशोर शाह, उनकी पत्नी बी.के. वासंती और उनके पुत्र बेजुल शाह ने संयुक्त रूप से संपन्न किया।
इस अवसर पर अंतरराष्ट्रीय बॉलीवुड संगीतकार हेमंत आचार्य द्वारा माउंट आबू पीस पार्क पर लिखे गए विशेष गीत का लोकार्पण भी किया गया। अतिथियों ने अपने उद्बोधनों में कहा कि माउंट आबू का पीस पार्क पर्यावरण संरक्षण और हरियाली के क्षेत्र में विश्वभर में एक अनोखी पहचान रखता है। गुजरात, राजस्थान, महाराष्ट्र, दिल्ली, हरियाणा और मध्य प्रदेश सहित देश-विदेश के लाखों पर्यटक यहां आकर प्रकृति और शांति का अनुभव करते हैं तथा पर्यावरण के प्रति जागरूकता प्राप्त करते हैं।
शाह परिवार, जो पिछले 40 वर्षों से इस पीस पार्क के संरक्षण और विकास में निरंतर योगदान दे रहा है, ने पर्यावरण को सुरक्षित रखने के इस संकल्प को समाज के सामने एक प्रेरक उदाहरण के रूप में प्रस्तुत किया है। बेजुल शाह ने संवाददाता से विशेष बातचीत में कहा कि “40 वर्षों का यह सफर केवल एक महोत्सव नहीं, बल्कि पर्यावरण के प्रति समर्पण और शांति के संदेश का प्रतीक है। पीस पार्क ने बार-बार लोगों को जागरूक किया है कि ऑक्सीजन की कमी और प्रदूषण जैसी समस्याओं से निपटने के लिए हमें प्रकृति का संरक्षण करना ही होगा।”
इस अवसर पर देश के विभिन्न राज्यों में भी पीस पार्क की प्रेरणा से अनेक हरित अभियान चलाए जा रहे हैं।
माउंट आबू पीस पार्क का यह 40वां मानिक जयंती महोत्सव न केवल एक उत्सव था, बल्कि यह संदेश देने वाला पर्व भी रहा —
“जहाँ शांति है, वहीं पर्यावरण है, और जहाँ पर्यावरण है, वहीं जीवन है।”






























