हिंदी Murlis — 1982
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02/01“विश्व-परिवर्तन की जिम्मेवारी - संगमयुगी ब्राह्मणों पर”04/01“सतगुरु का प्रथम वरदान - मनमनाभव”06/01“सगंमयुगी ब्राह्मण जीवन में पवित्रता का महत्व”08/01“लण्डन ग्रुप के साथ अव्यक्त बापदादा की मुलाकात”10/01“स्वराज्य अधिकारी आत्माओं का आसन - कर्मातीत स्टेज”12/01“विश्व का उद्धार - आधारमूर्त आत्माओं पर निर्भर”14/01“कर्मेन्द्रिय जीत ही विश्व राज्य अधिकारी”16/01“‘मेरा बाबा आ गया’ - यह आवाज बुलन्द करने के लिए चारों ओर फरिश्ते रूप में छा जाओ”18/01“18 जनवरी जिम्मेवारी के ताजपोशी का दिवस”20/01“प्रीत की रीत निभाने का सहज तरीका - गाना और नाचना”22/01“बधाई और विदाई दो”07/03“संकल्प की गति धैर्यवत होने से लाभ”09/03“होली मनाने और जलाने की अलौकिक रीति”12/03“चैतन्य पुष्पों में रंग, रुप, खुशबू का आधार”14/03“बापदादा द्वारा देश-विदेश का समाचार”17/03“संगमयुग का विशेष वरदान - ‘अमर भव’”19/03“कर्म - आत्मा का दर्शन कराने का दर्पण”22/03“राज्य-सत्ता और धर्म-सत्ता के अधिकारी बच्चों से बापदादा की मुलाकात”24/03“ब्राह्मण जीवन की विशेषता है - पवित्रता”27/03“बीजरुप स्थिति तथा अलौकिक अनुभूतियाँ”29/03“सच्चे वैष्णव अर्थात् सदा गुण ग्राहक”01/04“भाग्य का आधार त्याग”03/04“सर्वप्रथम त्याग है - देह-भान का त्याग”06/04“दास व अधिकारी आत्माओं के लक्षण”08/04“लौकिक, अलौकिक सम्बन्ध का त्याग”11/04“व्यर्थ का त्याग कर समर्थ बनो”13/04“त्यागी, महात्यागी की व्याख्या”16/04“संगमयुगी स्वराज्य दरबार ही सर्वश्रेष्ठ दरबार”18/04“ऊंचे से ऊंचे ब्राह्मण कुल की लाज रखो”26/04“बापदादा के दिलतख्तनशीन बनने का सर्व को समान अधिकार”28/04“सर्वन्श त्यागी की निशानियाँ”30/04“विस्तार को बिन्दी में समाओ”02/05“विशेष जीवन कहानी बनाने का आधार - सदा चढ़ती कला”13/06“एक का मन्त्र याद रहे तो सबमें एक दिखाई देगा (टीचर्स के साथ अव्यक्त बापदादा की मुलाकात)”25/12“विधि, विधान और वरदान”28/12“सदा एक रस, सम्पूर्ण चमकता हुआ सितारा बनो”31/12“बापदादा की सर्व अलौकिक फ्रैण्ड्स को बधाई”
