जब शिक्षा केवल करियर तक सीमित न रहे, बल्कि जीवन मूल्यों को सँवारने और समाज सेवा का संकल्प बनाने का माध्यम बन जाए, तब युवाओं की राह समाज में नई आशा जगाती है। इसी उद्देश्य को लेकर देशभर से आईं 350 युवा बहनों ने ब्रह्माकुमारीज़ संस्थान के अंतरराष्ट्रीय मुख्यालय शांतिवन में 21 दिवसीय गहन प्रशिक्षण शिविर की शुरुआत की।
इस शिविर का शुभारंभ संस्थान की प्रमुख राजयोगिनी बी.के. मोहिनी दीदी के करकमलों से हुआ। उनके साथ अलवर की बी.के. ममता, सूरत की बी.के. तृप्ति, चंडीगढ़ की बी.के. अनीता, भीमाल की बी.के. गीता तथा शांतिवन की वरिष्ठ शिक्षिका बी.के. लीला मंचासीन रहीं और अपनी उपस्थिति से कार्यक्रम की गरिमा को बढ़ाया।
यह 21 दिवसीय यात्रा युवा बहनों को जीवन-प्रबंधन, आध्यात्मिक सशक्तिकरण और सकारात्मकता की ऐसी पूँजी प्रदान करेगी, जिससे वे स्वयं के साथ-साथ पूरे समाज का भविष्य रोशन करने में सक्षम बनेंगी। शिविर के माध्यम से आत्मिक शक्ति, मूल्य-आधारित शिक्षा और सेवा भावना की नई राह प्रशस्त होगी।





























