नई दिल्ली के लोधी रोड स्थित भारत सरकार के रेल मंत्रालय के राष्ट्रीय मुख्यालय रेलवे सूचना प्रणाली केंद्र (CRIS) में "तनाव मुक्त जीवन शैली" विषय पर एक विशेष कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला में सिस्टम्स के निदेशक राजेश अब्रोल, अवसरचना (इन्फ्रास्ट्रक्चर) की निदेशक सुरेखा साहू सहित लगभग 150 अधिकारियों ने सहभागिता की।
कार्यशाला में ब्रह्माकुमारीज़ के वैज्ञानिक,अभियंता एवं वास्तुकार प्रभाग के क्षेत्रीय संयोजक बीके पीयूष भाई ने तनावमुक्त जीवन के सरल उपाय बताते हुए कहा कि
वर्तमान में जीना ही तनाव से मुक्त रहने का सबसे प्रभावी माध्यम है। उन्होंने कहा कि भूतकाल की चिंताओं और भविष्य की आशंकाओं से मुक्त होकर वर्तमान का सदुपयोग करने से जीवन में सकारात्मकता, सृजनशीलता और मानसिक शांति का अनुभव होता है। उन्होंने यह भी बताया कि भूतकाल केवल सीख लेने का माध्यम है, उसे जीवन का आधार नहीं बनाना चाहिए।
कार्यक्रम के दौरान प्रश्नोत्तर सत्र, सामूहिक गतिविधियाँ तथा राजयोग मेडिटेशन का अभ्यास भी कराया गया, जिससे प्रतिभागियों को तनाव प्रबंधन के व्यवहारिक अनुभव प्राप्त हुए।
कार्यशाला की सराहना करते हुए सिस्टम्स के निदेशक राजेश अब्रोल ने इसे अत्यंत उपयोगी और प्रेरणादायी बताया। उन्होंने ब्रह्माकुमारीज़ का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि ऐसे आध्यात्मिक सत्र अधिकारियों को सकारात्मक दृष्टिकोण अपनाने और कार्यस्थल पर तनाव को प्रभावी ढंग से प्रबंधित करने की प्रेरणा प्रदान करते हैं। प्रतिभागियों ने भी इस कार्यशाला को ज्ञानवर्धक एवं जीवनोपयोगी बताते हुए भविष्य में ऐसे कार्यक्रमों के आयोजन की आवश्यकता पर बल दिया।


























