ब्रह्माकुमारीज़ के ज्ञान सरोवर परिसर स्थित हार्मोनी हॉल में शिपिंग, एविएशन एवं टूरिज्म विंग (SAT Wing) द्वारा आयोजित पांच दिवसीय राष्ट्रीय सम्मेलन ‘Travel Towards Transformation’ का शुभारंभ हुआ। 30 जुलाई से 3 अगस्त तक आयोजित इस सम्मेलन में देशभर से शिपिंग, एविएशन और टूरिज्म क्षेत्र के अधिकारी, उद्योग जगत के प्रतिनिधि तथा विभिन्न प्रोफेशनल्स ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
कार्यक्रम का शुभारंभ राजयोग मेडिटेशन से हुआ, जिसमें SAT विंग की समन्वयक बीके उज्ज्वला बहन ने आत्मशक्ति जागृत कर स्वयं को ऊर्जावान बनाने का अभ्यास कराया। इसके पश्चात SAT विंग की उपाध्यक्ष बीके कमलेश दीदी ने सम्मेलन के उद्देश्यों पर प्रकाश डाला। विंग की अध्यक्षा बीके मीरा दीदी ने अपने मुख्य उद्बोधन में राजयोग मेडिटेशन के माध्यम से आत्म-परिवर्तन को विश्व-परिवर्तन का आधार बताते हुए आध्यात्मिक मूल्यों को जीवन में अपनाने का संदेश दिया।
ब्रह्माकुमारीज़ की संयुक्त मुख्य प्रशासिका राजयोगिनी बीके सुदेश दीदी ने अपने आशीर्वचन में कहा कि
परिवर्तन जीवन का शाश्वत और स्वाभाविक नियम है। उन्होंने सकारात्मक दृष्टिकोण, आत्मचिंतन तथा छोटे-छोटे श्रेष्ठ कर्मों के माध्यम से जीवन में बड़े परिवर्तन लाने की प्रेरणा दी। उन्होंने कहा कि जब मन दिव्य गुणों से भर जाता है, तब उसका प्रभाव व्यक्ति के व्यवहार, व्यक्तित्व और जीवन-यात्रा में स्पष्ट दिखाई देता है।
सम्मेलन में विशेष अतिथि के रूप में लाइनशिप मैनेजमेंट प्राइवेट लिमिटेड के सीईओ एवं प्रबंध निदेशक प्रवीण बंसल, जीएमआर वर्ल्ड लक्ष्मी समूह के स्वतंत्र निदेशक पी.एन.एस. मूर्ति, डीपी वर्ल्ड (मिडिल ईस्ट एवं अफ्रीका) के कार्यकारी उपाध्यक्ष पंकज कांकन तथा एटॉप फूड्स गुजरात के सीईओ जितेंद्र एम. पटेल उपस्थित रहे। सभी अतिथियों ने अपने अनुभव साझा करते हुए कहा कि आध्यात्मिकता व्यक्ति को तनावपूर्ण परिस्थितियों में भी स्थिर, सकारात्मक और संतुलित रहने की शक्ति प्रदान करती है तथा आत्म-परिवर्तन ही स्थायी सफलता का आधार है।
कार्यक्रम के अंत में SAT विंग के राष्ट्रीय समन्वयक बीके संतोष भाई ने सभी अतिथियों एवं प्रतिभागियों का आभार व्यक्त करते हुए सभी को आध्यात्मिक मूल्यों के साथ व्यक्तिगत एवं व्यावसायिक जीवन में श्रेष्ठ परिवर्तन लाने का संदेश दिया।


























